सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

आपकी सोच का दर्पण है सोशल मीडिया

 क्या आपके मोबाइल में वहीं पोस्ट दिखती होंगी जो मेरे में दिखती हैं?

बहुत समय तक मुझे लगता था कि सोशल मीडिया पर जो भी परोसा जा रहा है वह सभी को दिखता होगा😀 
फिर पता चला कि फेसबुक पर आपको केवल आपके बनाये दोस्तों की पोस्ट दिखती हैं यानि जिसके जैसे दोस्त उसकी वैसी पोस्ट 😀 यानि लम्बे समय तक आपने वहीं देखा जो आपके दोस्तों नें पोस्ट किया 
उसके बाद सोशल मीडिया नें इसे आपके इंटरेस्ट से कनेक्ट करने का फ़िल्टर लगा दिया यानि आप जिस वीडिओ या पोस्ट पर ज्यादा समय देते हैं सोशल मीडिया जान जाता हैं कि व्यक्ति का इंटरेस्ट इसमें है और वह उसी तरह के वीडिओ की लाइन लगा देता हैं
 अब धार्मिक बालों को सोशल मीडिया पर महात्मा दिख रहे हैं और और नाचने बालों को नाच के वीडिओ, खेल बालों को खेल के विडिओ, अश्लील सोच बालों को अश्लीलता के वीडिओ, अच्छी सोच बालों को अच्छे पढ़ाई बालों को कोचिंग क्लास के वीडिओ, व्यापार बालों को व्यापार के
  फिर सोशल मीडिया लोगों को विगाड़ने का जिम्मेदार कैसे?
जिनकी रही भावना जैसी तीन देखी...

आपको समाज में वहीं दिखता है जो आप देखना चाहता हैं
वहीं मिलता हैं जो आप खोजना चाहते हैं

इसलिए दूसरों को दोष देने की जगह स्वयं का चिंतन बदलिए सोशल मीडिया की पोस्ट भी बदल जाएंगी करके देखिये
जय श्री राधे  

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

आर्टिफीसियल वनाम ओरिजिनल इंटेलीजेंस

पिछले दो दशकों में ज्ञान की उपलब्धता अत्यंत सहज और सरल हो चुकी है। एक एंड्राइड फोन और एक इंटरनेट कनेक्शन से आप दुनियाँ के हर ज्ञान को एक्सेस कर सकते हैं। पहले गूगल बाबा और अब  आर्टिफिशल इंटेलीजेंस नें लोगों के हर प्रश्न का उत्तर उपलब्ध करा दिया है, अब लोगों के दिमाग़ में कोई भी प्रश्न आता है तो वह झट से गूगल कर लेते हैं। बहुत से लोगों का मानना है कि तकनीकी नें समाज में ज्ञान के एकाधिकार को समाप्त कर दिया है और ज्ञान की पहुँच अब समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों तक पहुँच गई है, कई एक्टिविस्ट इसे एक क्रान्तिकारी परिवर्तन मानते हैं और कहते हैं कि सोशल मीडिया के आने के बाद लोग अपने अधिकारों को जानने लगे हैं और अब उन्हें मूर्ख बनाना आसान नहीं होगा, पर क्या सच में ऐसा हो रहा है?           गूगल और आर्टिफिशल एंटीलिजेंस का ज्ञान डेटा पर आधारित है और यह डेटा भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म , वेबसाइट  या विभिन्न पोर्टल पर उपलब्ध डेटा से लिया जाता है अगर यह डेटा सही होगा तो गूगल का सर्च परिणाम भी सही होगा और अगर यह डेटा कूटरचित और भ्रामक  होगा तो उत्तर भी गलत होने क...

भविष्य के स्कूल और शिक्षा

 भविष्य के स्कूल और शिक्षा  दिसंबर 2125 ए आई एडवांस पब्लिक स्कूल इटावा में ठीक 9:00 बजे आटोमेटिक प्रवेश द्वार खुल गया, बच्चे एक एक करके अंदर प्रवेश कर रहे हैं... दरवाजे पर लगा सेंसर और कैमरा बच्चों को स्कैन करके उनकी अटेंडेंस के साथ यूनिफार्म, टिफिन आदि  चेक कर डेटा कलेक्ट कर रहा है। तीन बच्चे रेड अलार्म बजने से संदेह में आये और गेट पर तैनात रोबोटिक सिक्योरिटी गार्ड नें उन्हें रोक लिया क्योंकि डेटा रोबोटिक सिक्योरिटी गार्ड को ट्रांसफर हो चुका था तीन में से दो के लंच बॉक्स में स्कूल द्वारा बताएं गए मेनू से अलग लंच था और एक की ड्रेस कम्पलीट नहीं थी इसलिये  सिक्योरिटी नें उन्हें वापस जाने का निर्देश दे दिया।         प्रेयर स्टार्ट हो चुकी है.... विद्यालय असेंबली हाल में केवल कैमरा और साउंड सिस्टम लगा है... हर छात्र का स्पेस फिक्स है  उसमें जाकर सभी बच्चे खड़े हो गए। प्रेयर के बाद, न्यूज़, नैतिक कथा, वार्म अप, योगा, मैडिटेशन  कुल मिलाकर 45 मिनट की प्री असेंबल्ड प्रोग्राम पर यह सेशन पूरा हो चुका है, कुछ बच्चे काफ़ी बुरी तरह थक चुके हैं पर प्रेयर...

मोबाइल है तो निगरानी में हो

दो घटनाये देखिये  इनकम टैक्स डिपार्टमेंट नें ai की मदद से लाखों टैक्स चोरी करने बालों को नोटिस भेज दिया  कर्नाटक में इनकम टैक्स नें छोटे व्यापरियों को लाखों के नोटिस थमाए तो दुकानदारों क्यू आर कोड दुकान से हटाए।  ये तो एक ट्रेलर मात्र है अभी पिक्चर बाक़ी है  2007 के लगभग दलजीत चौधरी जी  इटावा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बने थे उसी समय  नया नया मोबाइल आया था और चम्बल के डकैतो और उनके मुखबिरों के लिए अच्छी सुविधा बन गई । तत्कालीन एस टी एफ और एस ओ जी से जुड़े लोग बताते हैं कि एसएसपी साहब नें इसी टेक्नोलॉजी को डकैत विहीन इटावा के लिए हथियार बना लिया और मोबाइल तकनीक के सहारे ही सभी डकैत मुखबिरी की दम पर निपटा दिए गए।  समय बदला और मल्टीमीडिया एंड्राइड फोन आये और अम्बानी नें सस्ते रिचार्ज और इंटरनेट से लोगों की दुनियाँ बदल दी। सोशल मीडिया पर जुड़ने की ललक नें हर हाँथ में मल्टीमीडिया मोबाइल आ गया अब बारी थी सरकार द्वारा इसी तकनीक को हथियार के रूप में इस्तेमाल करने की।  बैंक नें अपने कस्टमर को एस एम एस सुविधा के लिए नंबर माँगा, अधिक लेनदेन के लिए पेन कार्ड बनबाने...