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जून, 2021 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

हिन्दू धर्म मे अंतिम संस्कार के वैज्ञानिक और सामाजिक क्रिया कर्म

  हिन्दू धर्म में कोई भी कर्म गैर वैज्ञानिक एवं गैर व्यवहारिक नहीं है क्योंकि हिन्दू धर्म के साथ एक श्रेष्ठ जीवन पद्यति है। हिंदुओ में व्यक्ति की मृत्यु से जुड़े संस्कारो का बड़ा सामाजिक महत्व है।  1. नदियों के किनारे दाह संस्कार हिंदुओ में पवित्र नदियों के किनारे दाह संस्कार करने के पीछे भावात्मक और धार्मिक मान्यता तो है ही पर यह वैज्ञानिक भी है। वैज्ञानिकों के अनुसार शरीर के जलने के बाद जो राख बचती है वह एक सर्वश्रेष्ठ खाद है जिसे बोनमील खाद कहते हैं। जिसे दाह संस्कार के बाद पवित्र नदियों में प्रवाहित करने का रिवाज है जिससे यह नदी के जल के साथ खेतों तक पहुचकर खेत को उपजाऊ बनाती है। आप सभी जानते हैं कि गंगा नदी भारत मे सबसे अधिक दूरी तय करती है साथ ही सबसे अधिक पवित्र भी मानी जाती है इसलिए गंगा नदी के किनारे अंतिम संस्कार करने की प्रथा हमारे धर्म में चलन में है। अंतिम संस्कार के बाद बची राख को उसी नदी में प्रवाहित कर दिया जाता है जिसमे कैल्शियम सल्फर जैसें मिनरल होते हैं। इस रिवाज के चलते यह खाद प्रचुर मात्रा में खेतों तक पहुंच जाती है। जिन स्थानों के आसपास नदियां नहीं होती थी ...

छात्रा ने खुद को कुछ याद दिलाने के लिए किया ऐसा उपाय सब कर उठे वाह वाह

 कक्षा 12 में पढ़ने बाली छात्र ने खुद को अटेंशन में रखने के लिए कुछ ऐसा उपाय किया कि लोग वाह वाह कर उठे।     आज हम बात कर रहे हैं कक्षा 12 में पढ़ने बाली के छात्रा की। यह छात्रा आई आई टी की तैयारी कर रही है जिसके लिए उसे कई घंटे कोचिंग सेंटर और सेल्फ स्टडी में देने पड़ते थे। स्कूल और कोचिंग में वह फिजिक्स केमिस्ट्री और मैथ की 2-2 घंटे क्लास के बाद उसकी तैयारी में 2-2 घंटे देने पड़ते थे ऐसे में वह कक्षा 12 बोर्ड के अन्य विषय कंप्यूटर और अंग्रेजी को पढ़ना ही भूल जाती थी। बाद में उसने कंप्यूटर के लिए स्कूल की ऑनलाइन क्लास को ही आधार बनाया पर अंग्रेजी फिर भी छूट रही थी  इसलिए उसने खुद को अटेंशन रखने के लिए एक प्रयोग किया।  एक दिन उसके पिता जब कमरे में गए तो उसकी टेबल पर लगे कैलेंडर पर एक स्लिप लगी हुई थी जिसको पढ़कर वह मुस्कराए बिना नहीं रह पाए। उस पर लिखा था कि "इंग्लिश भी पढ़ लिया करो बेटा" जब उन्होंने इसके बारे में पूंछा तो उसने बताया कि मैं यह भूल ही जाती हूँ कि मेरे पास इंग्लिश विषय भी है इसलिए अब जब भी मेरी निगाह सामने जाती है तो मुझे याद आ जाती है कि मुझे इंग्ल...